Friday, July 24, 2026
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तलवों के दर्द को कहें अलविदा, आज़माएं ये सरल योगासन

पैरों के तलवों में दर्द एक सामान्य समस्या है। चलने-फिरने, दौड़ने या लंबे समय तक खड़े रहने के कारण पैरों के तलवे या एड़ियां दर्द होने लग सकती हैं। यह समस्या खासकर प्लांटर फैशाइटिस, गलत जूते पहनना, अधिक वजन, डायबिटीज या नसों की कमजोरी के कारण होती है। हालांकि कई बार मंद-मंद होने वाला ये दर्द अधिक दिक्कत कर सकता है। तलवों में दर्द के कारण आप अधिक देर खड़े नहीं हो पाते। शरीर का वजन पैरों में दर्द के कारण अधिक महसूस होने लगता है। इस तरह की समस्या से निजात पाने का एक प्राकृतिक तरीका योगाभ्यास है। नियमित रूप से कुछ योगासनों का अभ्यास कर पैर के तलवों में होने वाले दर्द से काफी हद तक राहत पाई जा सकती है।

पैरों के तलवों में दर्द के मुख्य कारण

प्लांटर फैशाइटिस के कारण दर्द महसूस हो सकता है। प्लांटर फैशाइटिस में एड़ी से पंजे तक जाने वाली मांसपेशियों में सूजन आ जाती है।
शरीर का वजन अधिक होने से भी तलवे दर्द हो सकते हैं।
लंबे समय तक खड़े रहने वाले लोगों के लिए यह समस्या आम है।
गलत तरीके से चलने या दौड़ने से एड़ियों व तलवों में दर्द होने लगता है।
रक्त संचार में कमी के कारण पैरों में दर्द की शिकायत बढ़ जाती है।
जिन लोगों में विटामिन D या कैल्शियम की कमी होती है, उनके लिए पैरों में दर्द होना आम समस्या हो सकती है।

ताड़ासन

ताड़ासन का नियमित अभ्यास पैरों की मांसपेशियों को मजबूत करता है और खिंचाव देता है। इससे तलवे की जकड़न कम होती है।

वज्रासन

पाचन सुधारने के साथ-साथ वज्रासन तलवों में ब्लड सर्कुलेशन ठीक करता है। तलवों पर हल्का दबाव बनता है जिससे मांसपेशियों में राहत मिलती है।

बालासन

शरीर को आराम देने वाला यह आसन तलवों के तनाव को कम करता है। यह हील और आर्च एरिया पर सकारात्मक प्रभाव डालता है।

सेतुबंधासन

इससे टांगों और तलवों की नसों में रक्त प्रवाह सुधरता है। मांसपेशियों को मजबूती मिलती है। सेतुबंधासन का अभ्यास करने के लिए पीठ के बल लेटकर घुटनों को मोड़े। पैरों को हिप्स के पास रखते हुए धीरे-धीरे कूल्हे को ऊपर उठाएं और हाथों को जमीन पर टिकाकर शरीर का सहारा दें।

नोट: यह लेख योग गुरु के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है। आसन की सही स्थिति के बारे में जानने के लिए किसी विशेषज्ञ से संपर्क कर सकते हैं।

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