मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रदेश सरकार अपने हर वादे को बिना रुके, बिना थके धरातल पर उतारने का प्रयास कर रही है। लेकिन कुछ लोग झूठ और नकारात्मकता की बातें कर रहे हैं। ऐसे लोगों के पास गिनाने के लिए अपनी कोई उपलब्धि नहीं है, तो इसलिए वे अफवाहें फैलाकर लोगों को गुमराह करने का प्रयास कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने उत्तराखंड के सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा और जनसांख्यिकी बदलाव रोकने के लिए सख्त धर्मांतरण विरोधी कानून लागू किया है। इसी तरह सरकार ने समान नागरिक संहिता लागू करने के साथ ही दंगों के दौरान सार्वजनिक और निजी सम्पत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले दंगाइयों से ही नुकसान की भरपाई करने के लिए सख्त कानून बनाकर कानून का राज स्थापित किया है।
इसी तरह प्रदेश सरकार ने भर्ती परीक्षाओं में सक्रिय नकल माफिया का कुचक्र तोड़ने के लिए सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया है, जिसके बाद प्रदेश में 34 हजार से अधिक युवाओं को पारदर्शी तरीके से सरकारी नौकरी मिल चुकी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए नई स्टार्टअप नीति, ‘एक जनपद दो उत्पाद’, ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’, ‘होम स्टे योजना’, ‘वेड इन उत्तराखंड’ और ‘सौर स्वरोजगार योजना’ जैसी पहलें शुरू की हैं। इन योजनाओं के माध्यम से आज हजारों-लाखों युवा अपने ही गाँव और शहर में रोजगारदाता बन रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप बेरोजगारी दर में रिकॉर्ड 4.4 प्रतिशत की कमी आई है। इतना ही नहीं, नीति आयोग द्वारा जारी सतत विकास लक्ष्य इंडेक्स में भी उत्तराखंड ने पूरे देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार एक ऐसा उत्तराखंड बनाना चाहती है, जहां किसी भी युवा को रोजगार के लिए पलायन ना करना पड़े। साथ ही मातृशक्ति पूरी तरह सशक्त और आत्मनिर्भर हो।
इस मौके पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में प्रदेश लगातार विकास के मार्ग पर आगे बढ रहा है। मसूरी विधानसभा क्षेत्र में भी सड़क, पेयजल, सामुदायिक भवन एवं अन्य आधारभूत सुविधाओं से जुडे कार्य तेजी से सम्पन्न किए जा रहे हैं।
इस मौके पर दायित्वधारी ज्योति कोटिया, शमशेर सिंह बिष्ट, उपाध्यक्ष एम.डी.डी .ए बंशीधर तिवारी, भाजपा नेता वीर सिंह चौहान, सुनीता विद्यार्थी, नेहा जोशी, सीमा पुंडीर, लक्ष्मण सिंह रावत उपस्थित थे।






