Friday, July 24, 2026
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आंख फडकने का लॉजिक जानते हैं, शुभ- अशुभ से नहीं इस चीज की कमी से बार- बार होता है ऐसा

हमारे यहां आंख फडक़ना अच्छा या बुरा माना जाता है. इसे लेकर कई मान्यताएं हैं. माना जाता है कि पुरुष की दायीं आंख और महिलाओं की बायीं आंख फडक़ना शुभ होता है. अगर आपकी आंख बार-बार फडक़ती है तो इस पर ध्यान देने की जरूरत है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, शरीर में मैग्नीशियम की कमी से आंख बार-बार फडक़ती है।

मैग्नीशियम हड्डियों को मजबूत बनाने और मांसपेशियों के लिए काफी महत्वपूर्ण मिनरल है. दिल की सेहत के लिए भी मैग्नीशियम जरूरी  है। बॉडी में मैग्नीशियम की कमी से आंख फडक़ने के कई प्रॉब्लम्स हो सकती हैं। जो सेहत के लिए ठीक नहीं मानी जाती है। आइए जानते हैं शरीर में मैग्नीशियम की कमी का संकेत क्या होता है…

मैग्नीशियम की कमी और आंख फडक़ना
मैग्नीशियम शरीर के मसल्स को रिलैक्स करने में मदद करते हैं। जब बॉडी में इस मिनरल की कमी होती है तो मसल्स का स्ट्रेस बढ़ जाता है और आंख फडक़ने की समस्या होने लगती है। जिसे अक्सर शुभ और अशुभ से जोड़ा जाता है।

सिरदर्द की समस्या
हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक, अगर शरीर में जरूरत के हिसाब से मैग्नीशियम नहीं पहुंच पाता है तो आंख फडक़ने के अलावा सिरदर्द की समस्या होती है। बार-बार सिर में तेज दर्द महसूस होता है. ऐसे लक्षण दिखने पर डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।

भूख की कमी और कमजोरी
मैग्नीशियम की कमी से शरीर कमजोर और थकान महसूस कर सकता है. इसकी कमी होने से भूख में भी कमी आ जाती है. जिससे उल्टी होने और खाना न खाने का मन करने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

पैरों में ऐंठन
मिनरल्स मांसपेशियों को दुरुस्त बनाने का काम करते हैं. शरीर में मैग्नीशियम की कमी होने पर पैरों में ऐंठन और मरोड़ महसूस हो सकता है. रात में सोते समय पैरों में ऐंठन होना मैग्नीशियम की कमी का एक लक्षण हो सकता है।

कब्ज की समस्या
मैग्नीशियम शरीर के आंतों में पानी की मात्रा को बढ़ाने में मददगार होता है। इससे पाचन प्रक्रिया दुरुस्त बनी रहती है। अगर बार-बार कब्ज की समस्या है तो यह मैग्नीशियम की कमी का इशारा हो सकता है।

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